उनके प्यार की धूप आने लगी है --आर के रस्तोगी

by Ram Krishan Rastogi on June 15, 2018, 07:45:22 PM
Pages: [1]
ReplyPrint
Author  (Read 228 times)
Ram Krishan Rastogi
Umda Shayar
*

Rau: 62
Offline Offline

Gender: Male
Waqt Bitaya:
28 days, 8 hours and 36 minutes.

Posts: 4226
Member Since: Oct 2010


View Profile
Reply with quote
उनके प्यार की धूप आने लगी है
सुबह से ही मुझको गर्माने लगी है
देखता हूँ वे पिघलती है न पिघलती
पर मेरे दिल की बर्फ पिघलने लगी है

उनकी जुल्फे अब लहराने लगी है
छत पर चढ़ कर सुखाने लगी है
देखता हूँ वे क्या कह रही है
शायद वे मुझको सिग्नल देने लगी है

उनके पैरो की पायल अब कुछ
अपनी जबान में कुछ कहने लगी है
पहनी है लाल रंग की चूडिया
इसका अर्थ समझाने लगी है  

माथे की बिंदिया चमकने लगी है
सोलह सिंगार वे करने लगी है
मांग में सिन्दूर भरेगा कौन ?
उसका इंतजार वे करने लगी है

जब से उन पर पहरे लगने लगे है
कुछ सहमी सी सहमी रहने लगी है
फिर भी अपनी यादो के सहारे
दिल में प्रियतम का चित्र बनाने लगी है

जब से उनको जुल्फे लहराते देखा
हम भी बहाने से छत पर जाने लगे है
कब कैसे कहाँ मिले हम दोनों
इशारों इशारों में कुछ कहने लगे है

खुल कर बात हम कहें कैसे
कि तुमसे हम प्यार करने लगे है
सोचा यह कई बार,पर कह न सके
अपने आप में हम शर्माने लगे है

ऐसी ही होती है प्यार की शुरुआत
लोग इसको खूब समझने लगे है
प्यार करने वाले समझे न समझे  
रस्तोगी तो उनको समझाने लगे है  


आर के रस्तोगी  
Logged
surindarn
Sarparast ae Shayari
****

Rau: 260
Offline Offline

Waqt Bitaya:
103 days, 22 hours and 33 minutes.
Posts: 22368
Member Since: Mar 2012


View Profile
«Reply #1 on: June 15, 2018, 11:36:56 PM »
Reply with quote
उनके प्यार की धुप आने लगी है
सुबह से ही मुझको गर्माने लगी है
देखता हूँ वे पिघलती है न पिघलती
पर मेरे दिल की बर्फ पिघलने लगी है

उनकी जुल्फे अब लहराने लगी है
छत पर चढ़ कर सुखाने लगी है
देखता हूँ वे क्या कह रही है
शायद वे मुझको सिग्नल देने लगी है

माथे की बिंदिया चमकने लगी है
सोलह सिंगार वे करने लगी है
मांग में सिन्दूर भरेगा कौन ?
उसका इंतजार वे करने लगी है

जब से उन पर पहरे लगने लगे है
कुछ सहमी सी सहमी रहने लगी है
फिर भी अपनी यादो के सहारे
दिल में प्रियतम का चित्र बनाने लगी है

आर के रस्तोगी 

waah waah.
 Applause Applause Applause Applause Applause Applause Applause Applause
Logged
Ram Krishan Rastogi
Umda Shayar
*

Rau: 62
Offline Offline

Gender: Male
Waqt Bitaya:
28 days, 8 hours and 36 minutes.

Posts: 4226
Member Since: Oct 2010


View Profile
«Reply #2 on: June 16, 2018, 04:26:44 AM »
Reply with quote
श्री सुरिन्द्रण जी शुक्रिया
Logged
dksaxenabsnl
YOS Friend of the Month
Yoindian Shayar
*

Rau: 109
Offline Offline

Gender: Male
Waqt Bitaya:
20 days, 17 hours and 17 minutes.

खुश रहो खुश रहने दो l

Posts: 4126
Member Since: Feb 2013


View Profile
«Reply #3 on: June 20, 2018, 01:52:20 AM »
Reply with quote
 Applause Applause Applause Applause : Applause
Bahut Sunder.
Logged
Ram Krishan Rastogi
Umda Shayar
*

Rau: 62
Offline Offline

Gender: Male
Waqt Bitaya:
28 days, 8 hours and 36 minutes.

Posts: 4226
Member Since: Oct 2010


View Profile
«Reply #4 on: June 20, 2018, 04:45:55 AM »
Reply with quote
Shri Sexena ji shukriya
Logged
Pages: [1]
ReplyPrint
Jump to:  

+ Quick Reply
With a Quick-Reply you can use bulletin board code and smileys as you would in a normal post, but much more conveniently.


Get Yoindia Updates in Email.

Enter your email address:

Ask any question to expert on eTI community..
Welcome, Guest. Please login or register.
Did you miss your activation email?
May 26, 2020, 10:10:59 AM

Login with username, password and session length
Recent Replies
[May 26, 2020, 03:19:38 AM]

[May 25, 2020, 06:22:08 PM]

[May 25, 2020, 05:15:43 PM]

[May 25, 2020, 05:15:10 PM]

[May 25, 2020, 05:14:37 PM]

[May 25, 2020, 05:14:01 PM]

[May 25, 2020, 03:17:17 PM]

[May 25, 2020, 02:33:27 PM]

[May 25, 2020, 02:09:30 PM]

[May 25, 2020, 02:07:09 PM]
Yoindia Shayariadab Copyright © MGCyber Group All Rights Reserved
Terms of Use| Privacy Policy Powered by PHP MySQL SMF© Simple Machines LLC
Page created in 0.139 seconds with 24 queries.
[x] Join now community of 27524 Real Poets and poetry admirer